Uttar Pradesh: उत्तर प्रदेश में राज्यसभा की 10 सीटों के लिए चुनाव की प्रक्रिया शुरू होने के साथ ही समाजवादी पार्टी की रणनीति पर चर्चा तेज है। पार्टी ने वरिष्ठ नेता प्रो. रामगोपाल यादव और उद्योग जगत से जुड़े धनराज परिमल नथवानी को अपना उम्मीदवार घोषित कर दिया है। दोनों ने बुधवार को नामांकन भी दाखिल किया।
अब सबसे ज्यादा चर्चा सपा के संभावित तीसरे उम्मीदवार को लेकर है। इसी सवाल पर अखिलेश यादव ने कहा कि जब पार्टी के पास आवश्यक संख्या पूरी हो जाएगी, तब तीसरे प्रत्याशी का नाम भी घोषित कर दिया जाएगा। इससे साफ है कि फिलहाल इस सीट के लिए अंतिम नाम सार्वजनिक नहीं किया गया है।
16 अक्टूबर को होना है मतदान
उत्तर प्रदेश की 10 राज्यसभा सीटों के लिए मतदान 16 अक्टूबर को निर्धारित है। चुनाव की अधिसूचना जारी होने के साथ ही नामांकन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।
सपा की ओर से तीसरे प्रत्याशी को लेकर अभी औपचारिक घोषणा नहीं हुई है। ऐसे में पार्टी के अगले फैसले पर राजनीतिक नजरें टिकी हुई हैं।
नथवानी को उम्मीदवार बनाने पर क्या बोले अखिलेश?
धनराज परिमल नथवानी को राज्यसभा का टिकट दिए जाने के सवाल पर अखिलेश यादव ने पार्टी की सोच सामने रखी। उन्होंने कहा कि समाजवाद को समझने के साथ देश और प्रदेश में समृद्धि के रास्तों पर भी विचार करना जरूरी है।
अखिलेश ने उद्योग और निवेश को रोजगार तथा आर्थिक गतिविधियों से जोड़ते हुए कहा कि उद्योग जगत के लोगों की भागीदारी से प्रदेश को फायदा हो सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि समाजवादी पार्टी कारोबार को आगे बढ़ाने के लिए काम करेगी।
कौन-कौन से नाम चर्चा में?
तीसरे उम्मीदवार को लेकर अलग-अलग नामों की चर्चा सामने आई है। इनमें पूर्व केंद्रीय मंत्री सलीम शेरवानी और पूर्व नौकरशाह आलोक रंजन का नाम भी राजनीतिक चर्चाओं में रहा है। हालांकि, इनमें से किसी नाम को सपा की ओर से तीसरे प्रत्याशी के तौर पर आधिकारिक रूप से घोषित नहीं किया गया है।
आलोक रंजन को सपा ने 2024 के राज्यसभा चुनाव में भी उम्मीदवार बनाया था। वहीं, पार्टी की मौजूदा रणनीति में तीसरे नाम को लेकर अंतिम फैसला अभी बाकी है।
सपा के पास कितने उम्मीदवार होंगे?
29 सितंबर की रिपोर्टों में सपा द्वारा तीन उम्मीदवार उतारने की तैयारी का उल्लेख किया गया था। पार्टी विधायकों से संभावित नामों पर सुझाव भी लिए जाने की बात सामने आई थी।
30 सितंबर को पार्टी ने रामगोपाल यादव और धनराज नथवानी के नाम घोषित कर दिए। तीसरे नाम को लेकर अखिलेश यादव ने समर्थन और संख्या का संकेत दिया है। इसलिए अभी यह देखना बाकी है कि पार्टी किस नाम पर अंतिम मुहर लगाती है।
धनराज नथवानी की राजनीतिक पारी की शुरुआत
धनराज परिमल नथवानी कॉरपोरेट क्षेत्र और खेल प्रशासन से जुड़े रहे हैं। वह रिलायंस इंडस्ट्रीज से जुड़े पदों पर काम कर चुके हैं और गुजरात क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष भी रह चुके हैं। 30 सितंबर को उन्होंने अखिलेश यादव की मौजूदगी में राज्यसभा चुनाव के लिए नामांकन दाखिल किया।
उनके पिता परिमल नथवानी भी राज्यसभा सदस्य हैं और झारखंड का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं।
गठबंधन को लेकर भी अखिलेश का बयान
राज्यसभा चुनाव के साथ ही अखिलेश यादव से आगामी उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में गठबंधन को लेकर भी सवाल किया गया। उन्होंने कहा कि लोकसभा चुनाव के दौरान जो गठबंधन था, वही आगे भी जारी रहेगा।
हालांकि, राज्यसभा चुनाव में तीसरे उम्मीदवार को लेकर पार्टी की स्थिति अभी पूरी तरह स्पष्ट नहीं हुई है। अब सपा की अगली घोषणा से ही यह तय होगा कि तीसरी सीट के लिए किस चेहरे को मैदान में उतारा जाता है।
राकेश सचान से मुलाकात पर भी दी प्रतिक्रिया
उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री राकेश सचान और अखिलेश यादव की मुलाकात को लेकर भी सवाल किया गया। इस पर सपा प्रमुख ने कहा कि नेताओं की मुलाकात को सीधे राजनीतिक बदलाव से जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि उन्होंने विधानसभा अध्यक्ष समेत अन्य लोगों से भी मुलाकात की है।
फिलहाल राज्यसभा चुनाव में सपा के दो नाम सामने आ चुके हैं और तीसरे प्रत्याशी को लेकर पार्टी की ओर से घोषणा बाकी है। अखिलेश यादव के बयान के मुताबिक, आवश्यक संख्या पूरी होने के बाद तीसरा नाम सामने आएगा।



