Gandhi Jayanti: राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 157वीं जयंती पर उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में श्रद्धा और सम्मान के साथ कार्यक्रम आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जीपीओ परिसर पहुंचकर महात्मा गांधी की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किए और बापू को श्रद्धांजलि दी। इस दौरान स्कूली बच्चों ने गांधीजी के प्रिय भजनों और प्रेरणादायी गीतों की प्रस्तुति दी।
गांधी प्रतिमा पर मुख्यमंत्री ने अर्पित किए पुष्प
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जीपीओ स्थित राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उनके प्रति श्रद्धा व्यक्त की। कार्यक्रम के दौरान बच्चों ने ‘रघुपति राघव राजा राम’, ‘वैष्णव जन तो तेने कहिए’ और ‘वह शक्ति हमें दो दयानिधे’ जैसे भजनों एवं गीतों की प्रस्तुति दी।
मुख्यमंत्री ने बच्चों की प्रस्तुतियां सुनीं और गांधी जयंती के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में भाग लिया।
अहिंसा दिवस पर प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं
महात्मा गांधी की जयंती के अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को अंतरराष्ट्रीय अहिंसा दिवस की भी शुभकामनाएं दीं।
उन्होंने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर बापू को नमन करते हुए सत्य और अहिंसा के उनके संदेश को याद किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि गांधीजी ने स्वदेशी और अहिंसा के जरिए दुनिया के सामने स्वतंत्रता और मानवीय मूल्यों का संदेश रखा।
आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में गांधी के विचारों को बताया मार्गदर्शक
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि महात्मा गांधी के आदर्श, सादगी और विचार आज भी प्रासंगिक हैं। उनके मुताबिक बापू के सिद्धांत आत्मनिर्भर और विकसित भारत के निर्माण की दिशा में मार्गदर्शन देने वाले हैं।
उन्होंने गांधीजी के जीवन और विचारों से प्रेरणा लेकर समाज और देश के हित में कार्य करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
कार्यक्रम में मौजूद रहे कई जनप्रतिनिधि
जीपीओ में आयोजित श्रद्धांजलि कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक, कैबिनेट मंत्री राकेश सचान, राज्यसभा सांसद ब्रजलाल और लखनऊ की महापौर सुषमा खर्कवाल सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
विधान परिषद सदस्य डॉ. महेंद्र सिंह, मुकेश शर्मा, लालजी प्रसाद निर्मल, रामचंद्र प्रधान और पवन सिंह चौहान भी कार्यक्रम में शामिल हुए।
इसके अलावा डॉ. नीरज बोरा, राजेश्वर सिंह, जय देवी, अमरेश कुमार, राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष अपर्णा यादव और भाजपा महानगर अध्यक्ष आनंद द्विवेदी समेत अन्य लोग भी मौजूद रहे।
बच्चों की प्रस्तुतियों ने जोड़ा सांस्कृतिक रंग
गांधी जयंती के कार्यक्रम में स्कूली बच्चों की प्रस्तुतियां विशेष आकर्षण का केंद्र रहीं। बच्चों ने भजनों और गीतों के जरिए बापू के सत्य, अहिंसा और मानवीय मूल्यों के संदेश को सामने रखा।
कार्यक्रम में गांधीजी के विचारों को याद करते हुए उनके बताए रास्ते पर चलने और उनके आदर्शों को वर्तमान पीढ़ी तक पहुंचाने का संदेश भी दिया गया।



