CJP: मुंबई में CJP के प्रदर्शन के बीच विरोध, स्थानीय लोगों ने अभिजीत दीपके के खिलाफ की नारेबाजी

CJP: प्रदर्शनकारी ने कहा- हम बीजेपी के साथ नहीं, संविधान के सम्मान और मुंबई की अपनी विचारधारा के साथ खड़े हैं

CJP: गांधी जयंती के दिन मुंबई में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रदर्शन के बीच विरोध का एक अलग स्वर भी सामने आया। शिवाजी पार्क इलाके में स्थानीय लोगों के एक समूह ने अभिजीत दीपके और CJP के खिलाफ प्रदर्शन किया। इस दौरान संगठन के विरोध में नारे लगाए गए और प्रदर्शनकारियों ने अपने विचार मीडिया के सामने रखे।

CJP के खिलाफ सड़क पर उतरे स्थानीय लोग

प्रदर्शन के दौरान स्थानीय लोगों की ओर से CJP को लेकर तीखी नारेबाजी की गई। ‘एक कचौड़ी, दो समोसा, इन कॉकरोच का क्या भरोसा’ जैसे नारे भी लगाए गए। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि उन्हें CJP की गतिविधियों और उसके आंदोलन के तरीके पर आपत्ति है।

एक प्रदर्शनकारी ने आरोप लगाया कि संगठन की ओर से जिस तरह की गतिविधियां की जा रही हैं, वे उन्हें स्वीकार्य नहीं हैं। हालांकि, ये आरोप प्रदर्शन में शामिल व्यक्ति के बयान हैं।

‘बीजेपी के समर्थन में नहीं है प्रदर्शन’

प्रदर्शनकारी ने यह भी स्पष्ट किया कि उनका विरोध बीजेपी के समर्थन में नहीं है। उसने कहा कि प्रदर्शन में शामिल लोग मुंबई के युवा हैं और मुंबई के युवाओं की अपनी विचारधारा रही है।

प्रदर्शनकारी के मुताबिक, मुंबई का युवा हिंदुत्व से जुड़ा रहा है और इसी पृष्ठभूमि में वह CJP के खिलाफ अपनी आपत्ति दर्ज करा रहा है।

संविधान को लेकर प्रदर्शनकारी ने क्या कहा?

विरोध के दौरान एक प्रदर्शनकारी ने संविधान का मुद्दा भी उठाया। उसने आरोप लगाया कि अभिजीत दीपके जैसे लोगों की ओर से संविधान को खत्म करने की बात की जाती है।

प्रदर्शनकारी ने कहा कि वे संविधान की रक्षा और उसके सम्मान में विश्वास रखते हैं। उसने यह भी कहा कि मुंबई के लोग CJP के व्यवहार को स्वीकार नहीं करेंगे।

CJP ने मुंबई में क्यों बुलाया था प्रदर्शन?

CJP की ओर से 2 अक्टूबर को मुंबई में प्रदर्शन का कार्यक्रम घोषित किया गया था। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, संगठन ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विरोध और उनके इस्तीफे की मांग को आंदोलन का प्रमुख मुद्दा बनाया था। अभिजीत दीपके ने प्रदर्शन को आगे देश के दूसरे हिस्सों तक ले जाने की बात भी कही थी।

शिवाजी पार्क में सभा को लेकर अनुमति का मुद्दा भी सामने आया था। रिपोर्टों के मुताबिक मुंबई पुलिस ने वैकल्पिक स्थान पर प्रदर्शन के लिए आवेदन करने की सलाह दी थी।

प्रदर्शन के बीच दिखी राजनीतिक हलचल

मुंबई में CJP के आंदोलन और उसके विरोध में स्थानीय लोगों के प्रदर्शन से गांधी जयंती के दिन इलाके में राजनीतिक गतिविधियां तेज नजर आईं। एक तरफ CJP अपने मुद्दों को लेकर प्रदर्शन कर रहा था, वहीं दूसरी ओर स्थानीय प्रदर्शनकारियों ने संगठन और अभिजीत दीपके के खिलाफ अपनी नाराजगी जाहिर की।

प्रदर्शनकारियों की ओर से दिए गए राजनीतिक और वैचारिक बयान उनके अपने विचार हैं।

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